05/11/2009 15.21.41 फिलिस्तीनी शरणार्थियों की सहायता हेतु अस्थायी रूप से गठित एजेंसियाँ 60 साल की हुई
Joseph Kamal Bara
संयुक्त राष्ट्रसंघ में वाटिकन के स्थायी पर्य़वेक्षक महाधर्माध्यक्ष चेलेस्तीनो मिल्योरे ने मंगलवार को कहा कि फिलिस्तीनी शरणार्थियों की सेवा और सहायता के लिए अस्थायी रूप से गठित संयुक्त राष्ट्रसंघीय एजेंसी यूएनआरडबल्यूए और परमधर्मपीठीय मिशन फोर पैलेस्टीन का अस्तित्व में आये हुए छह दशक बीत चुके हैं। उन्होंने कहा कि दोनों का गठन अस्थायी एजेंसी के रूप में हुआ था जबतक फिलिस्तीनी शरणार्थियों की स्थिती सुधर जाती है। महाधर्माध्यक्ष ने स्मरण कराया कि दोनों पक्षों द्वारा सार्थक और संगत संवाद में शामिल होने की प्रक्रिया तथा पवित्र भूमि में शांति और स्थायित्व की स्थापना के लिए संघर्ष निवारण में असफल होने का परिणाम सतत संघर्ष है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से मध्यस्थता करते रहने का आह्वान किया जिसकी जरूरत आज पहले से कहीं अधिक है। महाधर्माध्यक्ष मिल्योरे ने स्मरण कराया कि येरूसालेम शहर का दर्जा समस्या समाधान का अंग रहे। उन्होंने सुरक्षा दीवार के कारण हुई हिंसा की अनेक घटनाओं तथा स्वतंत्र आवागमन के सामने प्रस्तुत चुनौतियों का भी जिक्र किया। महाधर्माध्यक्ष मिल्योरे ने इस बात की पुष्टि की कि सहमतियों और तर्क सम्मत समझौतों के आधार पर प्राप्त वैध और स्थायी शांति से ही पवित्र भूमि के सबलोगों की वैध अभिलाषाएँ पूरी हो सकेंगी।